सूरज से गुफ्तगू #21

सुन शायद ये सब ख़तम करना होगा तू समज, शायद वो ही बेहतर होगा, कुछ ज्यादा ही बड़े सपने देख लिए थे मैनें, ये कैसे बताऊ इकरस की कहानी क्या थी ये तुजे कैसे समजाउ। इकरस (Icarus: Icarus, in Greek mythology, son of the inventor Daedalus who perished by flying too near the Sun with waxen wings.)Continue reading “सूरज से गुफ्तगू #21”

सूरज से गुफ्तगू #16

तुम कहते नहीं पर मुझपे मरते ज़रूर होतुम थकते नहीं पर मुझे ख्वाबो में देखने को थोड़ी देर सोते जरूर हो,तुम्हारे होठों पे सजी इबादत में, मैं हूँतुम्हारे सीने में छिपी वो सुकून की चाह में, मैं हूँ,तुम कहते नहीं पर रातो से नफरत तुम्हे भी हैंतुम कहते नहीं यार, पर मेरी वो हर अनकहीContinue reading “सूरज से गुफ्तगू #16”

सूरज से गुफ्तगू #4

First things first #NoFilters पागल ही कह लो हम तो सूरज से भी बातें करते है, ख़्वाबीदा ही कह लो हम तो उससे मिलने का ख्वाब भी देखते है. कुछ और गुफ्तगू उस अनजान सूरज से: सूरज से गुफ्तगू #3 सूरज से गुफ्तगू #2 सूरज से गुफ्तगू #1